गुरू बाबा के आरती गीत

आरती गीत--नंबर 6)

गुरू हो तोर..आरती करा थौं दिन रात,
बाबा जी तोर..आरती करा थौं दिन रात...ll2

मंगल पंथी गुँजत हावँव....ll2
धरती अउ आगास....
गुरू हो तोर,आरती करा थौं दिन रात....ll2

अंतरा-1
पान सुपारी गुरू,"तोर चरन मा हे"--2।।
सत सत बानी बाबा,"तोर बचन मा हे"--2।।

सत के दीया बारेंव बाबा...ll2
राखे हँव उपास..
गुरू हो तोर,आरती करा थौं दिन रात....ll2

अंतरा--2
श्रद्धा सुमन बाबा,"तोला मैं चढ़ावा थौं"...ll2
तोर चरन मा गुरू,"माथ मैं नवाँवा थौं"...ll2

मेट देना अंधियारी ला....2।।
भर मा भर उजास...
गुरू हो तोर,आरती करा थौं दिन रात...ll2

अंतरा--3
तोर महिमा हे भारी,"तोला गोहरावा थौं"....ll2
दरश देखा दे बाबा,"तोर गुन गावा थौं"....ll2

तोर शरन मा राख लेबे....ll2
बनाले मोला दास...
गुरू हो तोर आरती,करा थौं दिन रात....ll2

गीत
डी.पी.लहरे
बायपास रोड़ कवर्धा
दिनाँक 16-12-16

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