आबे आबे..वियोग श्रृंगार गीत

वियोग श्रृंगार गीत

मुखड़ा-
आबे आबे रे..मन भौंरा छैला..
तोर बिना जिये नइ जाय..2 बार

उड़ान-
धक धक जिंवरा करथे..2
दिन नइ पहाय..
तोर बिना जिये नइ जाय,
रे मयारू तोर बिना जिये नइ जाय,

पद-
हो..अन पानी भावय नहीं,
सुरता तोर जावय नहीं।
का होगे बैरी मोला,
भुले मा भुलावय नहीं ।।2

उड़ान-
झर झर आँसू बरसे..2ll
जीव हा अकुलाय..
तोर बिना जिये नइ जाय..
रे मयारू तोर बिना जिये नइ जाये

आबेआबे रे.. मन भौंरा छैला
तोर बिना जिये नइ जाय..

पद-2
हो..सपना मा सुरता आथे,
तन ला मोर घुना खाथे।
दिन ला पहावँव कइसे,
सुरता तोर आथे जाथे।।2

उड़ान-
मने मन मा गुनत रहिथँव..2ll
सखी सहेली नइ तो भाय रे
तोर बिना जिये नइ जाय..
रे मयारू तोर बिना जिये नइ जाय..2ll

आबे आबे रे..मन भौंरा छैला..
तोर बिना जिये नइ जाय
रे मयारू तोर बिना जिये नइ जाय ..ll2

गीत
डी.पी.लहरे
बायपास रोड़ कवर्धा
दिनाँक 10-12-18

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