होंठों पर मुस्कान ...

गज़ल

प्यारी होंठों पर मिठा सा मुस्कान दे दो।
मैं भी ख़ुश रहूँ,तुम वो अहसान दे दो।।

दूरियाँ,तन्हाइयाँ बेशक है हमारे बीच।
तेरी यादों में डूबा रहूँ,वो पहचान दे दो।।

लगता है 1दिन जैसे बरस बीत गये।
प्रिये दिल मिलन की फरमान दे दो।।

ज़हन पर नक़्श तुम्हारी है प्रिये।
प्रेम क़ुबूल तो प्रेम का निशान दे दो।।

ख़्वाब भरे आँखों को बहलाऊँ कैसे।
देखूँ तुझे इन आँखों में अरमान दे दो।।

दिल की बगिया न उजाड़ हमऩशी।
महबूब इश्क़ के दरिया में उफान दे दो।।

रचना-डी पी लहरे
सर्वाधिकार सुरक्षित है
Dplahre87@gmail.com

Comments

sudhir said…
मुस्कान ऐ मोहब्बत की क्या कहे लहरे
टकराती तो नज़रें है जख़्मी दिल हो जाता है
DP LAHRE"MAUJ" said…
Kya baat h sir..bahut khub..

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